👆 (बूझो ये पक्षी का नाम क्या है और यह किस राज्य की शोभा है)
देखो मैं पक्षी नहीं साधारण
छोटे से राज्य की शोभा हूं।
हर जन करता मुझसे प्यार
भिन्न भिन्न रंग युक्त आभा हूं।
लम्बी भारी चोंच से शोभित
फल झटके से खा लेता हूं।
मेरे पंखों की शोभा न्यारी
ऊंची उड़ान भर लेता हूं।
मेरे नाम पर मेले हैं लगते
दस दिवस उत्सव मनाते हैं।
दूर दूर से लोग आते मिलजुल
नृत्य और गायन खूब रचाते हैं।
मैं खुद को मानूं धन्य,भाग्यशाली
सब अपनापन मुझमें दर्शाते हैं ।
शीला सिंह
बिलासपुर हिमाचल प्रदेश🙏
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