आत्मविश्वास किसी भी व्यक्ति के अंतर्निहित एक मानसिक एवं आध्यात्मिक शक्ति रुपी हथियार हैं जो उसकी रक्षा भी करती हैऔर सफल जीवन जीने के लिए उत्साहित भी करती है। आत्मविश्वास से भरा हुआ व्यक्ति चिंता रहित होकर भविष्य की योजनाओं में भी सफलता प्राप्त करता है। आत्मविश्वास के बिना जीवन नगण्यता की ओर चला जाता है । हमारी शक्तियों का प्रदर्शन नहीं हो पाता। व्यक्ति घबराहट में घिरा रहता है ,उसका मन ही हारा रहता है और हारा हुआ मन कभी क्रियाशील नहीं बन पाता । जीवन में क्रियाशीलता नहीं तो सफलता कैसे ? अतः आत्मविश्वास ही मन की शक्ति है ,प्रेरणा है। आत्मविश्वास से हमारी संकल्प शक्ति बढ़ती है और संकल्प शक्ति से ही हमारी आत्मिक शक्ति उपजती है। उस आत्मशक्ति के बल पर ही हम मेहनत, परिश्रम और अथक प्रयास करते हैं , अपनी योजनाओं को पूर्णता प्रदान करते हैं। आत्मविश्वास की भावना स्वयं पर भरोसा करना सिखाती है। यह आत्मविश्वास ही है जो मनुष्य को कभी बाधाओं के समक्ष झुकने/चूकने नहीं देता । चाहे वह परीक्षा भवन में बैठा हुआ परीक्षार्थी हो या सीमा पर युद्ध लड़ने की लिए तत्पर सैनिक हो । आत्मविश्वास के बिना भीतरी शक्तियां कभी उजागर नहीं हो पाती। अतः जीवन में सफलता पाने के लिए,अपनी शक्तियों का मूल्यांकन करने के लिए आत्मविश्वास बहुत ही जरूरी है।
शीला सिंह
बिलासपुर हिमाचल प्रदेश🙏
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