Wednesday, November 18, 2020

'झारखंड स्थापना दिवस'

 🙏🇮🇳


          'कविता'    15.11.2020

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पन्द्रह नवंबर दिवस स्थापना झारखंड है,

बीस बरस का यौवन प्यारा झारखंड है।

वनों से आच्छादित 'वन क्षेत्र' झारखंड है,

पठार का हिस्सा छोटानागपुर झारखंड है।

झारखंड नाम इतिहास पुराना हर युग बदला है,

विष्णुपुराण मुंड वायुपुराण मुरंड मुगल कुकरा है।

जन हर्षित जब संसद में बिल पास हुआ

हॉकी खिलाड़ी जयपालसिंह का सपना पूर्ण हुआ।

चारो दिशा बंगाल ओडिशा बिहार उत्तर प्रदेश है,

चतुर्भुजी आकारी में ये  राज्य                      अवस्थित है।

सुंदर झरने नदी पहाड़ बन और पठार 

मानव निर्मित मंदिर उद्यान सौंदर्य भंडार।

भाषा संस्कृति धर्मों का संगम ये राज्य है,

आदिवासी अनूठा जीवन दर्शाता ये राज्य है।

'बेतला' उद्यान बाघ हाथी का संरक्षक है,

वन्य प्राणियों का आश्रय दाता ये राज्य है।

मन को सुकून देता नेतरहाट सनसेट पॉइंट,

पाइन फारैस्ट दलमावन मंगोलिया  प्वाइंट। 

टांगीनाथ धाम ऊंचे पहाड़ शोभा पाए,

हजार बागों का शहर हजारीबाग

कहलाए।

शिव का धाम देवघर दुमका में बासुकीनाथ,

रजरप्पा जगन्नाथ मंदिर इटखोट

बौद्धधाम।

देवी दुर्गा दिउड़ी शक्ति मंदिर और तमाड़,

जैन तीर्थस्थान शोभायमान है 

पारसनाथ।

खनिज पदार्थों से संपन्न यह तो झारखंड है,

चूना पत्थर तांबा लोहा कोयला बहु खनिज है।

वीर योद्धा बिरसा मुंडा की अमर कहानी है, 

सुनी जाती जो हर एक एक की जुबानी है। 

तीरकमान और भाला थामेहिम्मत दिखाई,

अंग्रेजों की बंदूकों तोपों के समक्ष वीरगति पाई। 

उस आदिवासी नायक  की आज जयंती है ,

जिसके बलिदानों से झारखंड गर्वित है।

आदिवासी बहुलीय ये राज्य झारखंड है,

हर वैभव गुणसंपदा युक्त ये राज्य झारखंड है।



शीला सिंह

 बिलासपुर हिमाचल प्रदेश🙏

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